अररिया में जनता दरबार के दौरान 57 शिकायतों की सुनवाई हुई। भूमि विवाद, सड़क मरम्मत, नामांकन और पंचायत लाभ से जुड़े मामलों पर जिलाधिकारी ने अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई का निर्देश दिया।
अररिया समाहरणालय स्थित परमान सभागार में शुक्रवार को सात निश्चय 3.0 के अंतर्गत संचालित “सबका सम्मान–जीवन आसान” कार्यक्रम के तहत जनता दरबार का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी विनोद दूहन की अध्यक्षता में आयोजित इस जनता दरबार में जिले के विभिन्न प्रखंडों से पहुंचे आम नागरिकों की समस्याओं की सुनवाई की गई। कुल 57 मामलों पर सुनवाई करते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को त्वरित, निष्पक्ष और प्रभावी निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
जनता दरबार में सबसे अधिक शिकायतें राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग से संबंधित प्राप्त हुईं। इसके अतिरिक्त समाज कल्याण विभाग, गृह विभाग, ग्रामीण कार्य विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, आपूर्ति विभाग तथा शिक्षा विभाग से संबंधित मामले भी सामने आए। लोगों ने भूमि विवाद, सड़क मरम्मत, सरकारी लाभ भुगतान, विद्यालय नामांकन तथा सार्वजनिक स्थलों के विकास से जुड़ी समस्याएं उठाईं।
भूमि विवाद, सड़क मरम्मत और नामांकन से जुड़ी शिकायतें
रानीगंज प्रखंड के बसैती पंचायत निवासी अजहर अंसारी ने बासगीत पर्चा वाली भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की। वहीं, परसा हाट निवासी शुभम कुमार मेहता ने मुख्य सड़क की मरम्मत कराने का अनुरोध किया। नरपतगंज प्रखंड के रेवाही निवासी मो. ऐनुल ने भूमि पर अवैध कब्जा किए जाने की शिकायत दर्ज कराई।
भरगामा प्रखंड के धनेश्वरी निवासी कामेश्वर यादव ने पंचायत सचिव द्वारा सेवार्थ लाभ भुगतान से संबंधित शिकायत प्रस्तुत की। अररिया नगर परिषद क्षेत्र निवासी जीवछलाल बहादुर एवं छवेलाल बहादुर ने माता विषहरी स्थान के सौंदर्यीकरण कराने की मांग उठाई। रानीगंज प्रखंड के हसनपुर निवासी पिंकी देवी ने अनुकंपा के आधार पर बहाल डीलर चयन की जांच कराने का अनुरोध किया।
इसके अलावा, जोकीहाट निवासी अजीम उद्दीन ने विद्यालय में छात्र नामांकन से जुड़ी शिकायत दर्ज कराई। नरपतगंज प्रखंड के भंगही पंचायत निवासी नेघु राम ने भूमि मापी कराने हेतु आवेदन दिया। जनता दरबार के अंत में जिलाधिकारी ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्राप्त आवेदनों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों की समस्याओं का शीघ्र समाधान हो सके।
