नगर परिषद अररिया में सोमवार को आयोजित सशक्त स्थायी समिति की बैठक में सड़क एवं नाला निर्माण, सार्वजनिक शौचालय सौंदर्यीकरण, शीतल प्याऊ स्थापना तथा नगर क्षेत्र के सौंदर्यीकरण सहित कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की गई। बैठक में विभिन्न विकास योजनाओं को लेकर बहुमत एवं सर्वसम्मति से निर्णय लिए गए।
अररिया। नगर परिषद अररिया में सोमवार को मुख्य पार्षद विजय कुमार मिश्रा की अध्यक्षता में सशक्त स्थायी समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप मुख्य पार्षद गौतम कुमार साह, कार्यपालक पदाधिकारी चंद्र प्रकाश राज सहित समिति के सदस्य वार्ड संख्या 29 के पार्षद अबुल कलाम, वार्ड संख्या 20 की पार्षद गजाला तहरवीन एवं वार्ड संख्या 16 की पार्षद नीतू कुमारी उपस्थित रहे। समिति के सदस्यों का स्वागत पुष्पगुच्छ देकर किया गया।
बैठक में कुल आठ बिंदुओं पर चर्चा करते हुए ज्ञापन प्रस्तुत किया गया तथा विभिन्न प्रस्तावों पर बहुमत के आधार पर निर्णय लिए गए। बैठक में वार्ड संख्या 01 से 29 तक सड़क एवं नाला निर्माण कार्यों के लिए 15 दिनों के भीतर निविदा प्रकाशित करने का निर्णय लिया गया। वहीं एबीसी सेंटर की प्रशासनिक स्वीकृति से संबंधित प्रस्ताव को बहुमत से खारिज करते हुए विस्तृत समीक्षा के लिए बोर्ड बैठक में लाने का निर्णय लिया गया।
सड़क-नाला निर्माण एवं भवन सौंदर्यीकरण पर जोर
बैठक में सम्राट अशोक भवन विवाह भवन के सौंदर्यीकरण का मुद्दा भी उठाया गया। इसके लिए कनीय अभियंता सहित पांच वार्ड पार्षदों की एक समिति गठित करने का निर्णय लिया गया, जो जांच प्रतिवेदन तैयार करेगी। वित्तीय आकलन के बाद इस संबंध में अंतिम निर्णय अगली बैठक में लिया जाएगा।
नगर क्षेत्र में शीतल प्याऊ और सौंदर्यीकरण योजना
भीषण गर्मी और लू की स्थिति को देखते हुए पांच कार्य दिवस के भीतर कनीय अभियंता एवं पांच पार्षदों की टीम द्वारा स्थल चयन कर गुणवत्तापूर्ण शीतल प्याऊ स्थापित करने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा काली मंदिर परिसर के समीप सार्वजनिक शौचालय के सौंदर्यीकरण को सर्वसम्मति से स्वीकृति प्रदान की गई। नगर परिषद क्षेत्र के व्यापक सौंदर्यीकरण के लिए स्पष्ट प्रस्ताव एवं वित्तीय आकलन अगली बैठक में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया। साथ ही विज्ञापन नियमावली की प्रति सभी पार्षदों को उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया।
कार्यपालक पदाधिकारी चंद्र प्रकाश राज ने बताया कि बैठक में सभी प्रस्तावों पर विस्तार से विचार-विमर्श कर आवश्यक निर्णय लिए गए हैं।