सांसद कार्यालय, दिल्ली। अररिया। शुक्रवार रात आई तेज आंधी और मूसलाधार बारिश ने जिले में व्यापक तबाही मचा दी। कई प्रखंडों में तेज हवाओं के साथ बारिश ने घरों, पेड़ों और बिजली व्यवस्था को नुकसान पहुंचाया, जबकि सबसे अधिक असर किसानों पर पड़ा है। खेतों में खड़ी फसलें बुरी तरह बर्बाद हो गईं, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति पर सीधा असर पड़ा है।
कई इलाकों में जन-जीवन प्रभावित
आंधी-तूफान के कारण जिले के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो गया। कई जगहों पर पेड़ गिरने से आवागमन बाधित हुआ, वहीं बिजली आपूर्ति भी घंटों ठप रही। स्थानीय लोगों के अनुसार, तेज हवाओं की वजह से कच्चे मकानों को भी नुकसान पहुंचा है। हालांकि, अभी तक किसी बड़ी जनहानि की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन संपत्ति और फसल का नुकसान व्यापक स्तर पर सामने आ रहा है।
किसानों पर सबसे ज्यादा असर
इस प्राकृतिक आपदा का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ा है। गेहूं, मक्का और अन्य फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। खेतों में पानी भर जाने और तेज हवा से फसल गिर जाने के कारण किसानों की महीनों की मेहनत बर्बाद हो गई। किसान अब प्रशासन से जल्द सर्वे और मुआवजे की मांग कर रहे हैं, ताकि उन्हें राहत मिल सके।
सांसद ने जताई संवेदना, दिए निर्देश
लोकसभा सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने इस आपदा पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए प्रभावित परिवारों और किसानों के प्रति संवेदना जताई है। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिया है कि प्रभावित क्षेत्रों का तत्काल सर्वेक्षण कर वास्तविक क्षति का आकलन किया जाए। साथ ही, सभी पीड़ितों तक सरकारी राहत सहायता जल्द पहुंचाने को कहा गया है। सांसद ने विशेष रूप से किसानों को शीघ्र मुआवजा देने और अधिक प्रभावित क्षेत्रों में प्राथमिकता के आधार पर राहत कार्य चलाने पर जोर दिया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार इस संकट की घड़ी में हर प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है।