तेज हवा और बारिश से कई गांव प्रभावित, किसान बेहाल, बिजली-ट्रैफिक व्यवस्था चरमराई, प्रशासन से राहत और मुआवजे की मांग तेज
पलासी/अररिया। पलासी थाना क्षेत्र में आई तेज आंधी और बारिश ने व्यापक तबाही मचा दी है। क्षेत्र के लगभग सभी गांव इस प्राकृतिक आपदा से प्रभावित हुए हैं। कच्चे और टीन के बने घरों को भारी नुकसान पहुंचा है, जबकि खेतों में खड़ी गेहूं और मक्का की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। घटना के बाद जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है और लोग राहत की उम्मीद में प्रशासन की ओर देख रहे हैं।
घर उजड़े, लोग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर
आंधी की तेज रफ्तार ने कई कच्चे घरों को जमींदोज कर दिया। गरीब परिवारों के सामने अब रहने का संकट खड़ा हो गया है। कई लोग खुले आसमान के नीचे रात गुजारने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार हवा इतनी तेज थी कि लोग घरों से बाहर निकलने की हिम्मत तक नहीं जुटा सके। पुराने ब्लॉक परिसर के पास बीएसएनएल टावर के समीप एक मोटरसाइकिल दबने की घटना ने स्थिति की गंभीरता को और उजागर कर दिया।
फसल बर्बादी से किसानों पर आर्थिक संकट गहराया
आंधी और बारिश का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ा है। गेहूं और मक्का की तैयार फसल पूरी तरह चौपट हो गई। तरबी, बड़गांव, बिहारी, चण्डीपुर, भटवार और गोपालनगर समेत कई गांवों के किसानों ने भारी नुकसान की बात कही है। किसानों का कहना है कि यदि जल्द मुआवजा नहीं मिला तो उनके सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो जाएगा।
बिजली-ट्रैफिक व्यवस्था ठप, राहत कार्य की मांग तेज
तेज हवा के कारण कई पेड़ और बिजली के पोल गिर गए, जिससे सड़क मार्ग बाधित हो गया और कई इलाकों में आवागमन ठप हो गया। बिजली आपूर्ति भी बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे कई गांव अंधेरे में डूबे रहे। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल सर्वे कराकर राहत और पुनर्वास कार्य शुरू करने की मांग की है।
पलासी क्षेत्र में आई इस आपदा ने एक बार फिर ग्रामीणों की कमजोर स्थिति को उजागर कर दिया है। अब लोगों को सरकारी सहायता का इंतजार है, ताकि वे इस संकट से उबर सकें।