स्कूल में बच्चों से झाड़ू लगवाने का मामला, शिक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल

अररिया के शिवपुरी वार्ड-9 स्थित विद्यालय में सफाई कर्मी नहीं, बच्चों से कराया जा रहा काम; विभाग ने जारी किया कारण बताओ नोटिस

अररिया: जिले से शिक्षा व्यवस्था को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। शिवपुरी वार्ड नंबर 9 स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय रहिका टोला दक्षिण में बीते कई दिनों से बच्चों से विद्यालय परिसर की साफ-सफाई करवाई जा रही है। स्कूल में झाड़ू लगाते बच्चों के दृश्य सामने आने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बन गया है और विभागीय नियमों के पालन पर सवाल खड़े हो गए हैं।

विद्यालय प्रबंधन की ओर से सफाई कर्मी की कमी को इसकी वजह बताया गया है। प्राचार्य और शिक्षकों का कहना है कि जिला शिक्षा पदाधिकारी और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को कई बार पत्र लिखकर सफाई कर्मी की मांग की गई, लेकिन अब तक कोई नियुक्ति नहीं हुई। ऐसी स्थिति में मजबूरीवश बच्चों से ही सफाई करवाई जा रही है।

नियमों के खिलाफ काम, बच्चों के अधिकार पर सवाल
शिक्षा विभाग के स्पष्ट दिशा-निर्देश हैं कि विद्यालयों में साफ-सफाई की जिम्मेदारी निर्धारित कर्मियों की होती है। बच्चों से नियमित रूप से झाड़ू लगवाना या सफाई करवाना नियमों के खिलाफ है। बच्चों का मुख्य कार्य पढ़ाई, खेलकूद और सह-शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लेना है। विशेषज्ञों का मानना है कि सफाई को जागरूकता अभियान के रूप में सीमित रखा जा सकता है, लेकिन इसे रोजमर्रा की जिम्मेदारी बनाना बच्चों के अधिकारों का उल्लंघन है।

अभिभावकों में नाराजगी, प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग
इस मामले को लेकर स्थानीय अभिभावकों में भी नाराजगी है। उनका कहना है कि विद्यालय प्रबंधन की मजबूरी समझी जा सकती है, लेकिन इसका समाधान बच्चों से काम कराकर नहीं निकाला जा सकता। अभिभावकों ने प्रशासन और शिक्षा विभाग से तत्काल सफाई कर्मी की व्यवस्था करने की मांग की है, ताकि बच्चों का समय पढ़ाई और खेलकूद में लग सके।

मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित विद्यालय और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। विभागीय स्तर पर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

अब बड़ा सवाल यह है कि जब नियम स्पष्ट रूप से बच्चों से श्रम कराने पर रोक लगाते हैं, तो फिर ऐसी स्थिति क्यों पैदा हो रही है। क्या यह प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम है या व्यवस्था की खामी? जवाब संबंधित अधिकारियों को देना होगा।

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